Thursday, September 22, 2011

!! आप की हर बात, अपने आप मे एक बात है !!

आप की हर बात, अपने आप मे एक बात है,
पढ़ता रहूं आपको, मेरे लिए बहुत बड़ी बात है!!
जिंदगी गुजार दूं, आपके शब्दो के साथ,
ये एक बड़े ही राज की बात है !!

___कवि दीपक दीप (दीपक पांचाल)___

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